Republic Day Parade 2026: ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारत की युद्ध क्षमता का शक्ति प्रदर्शन
गणतंत्र दिवस परेड 2026 इस बार केवल सांस्कृतिक गौरव का उत्सव नहीं होगी, बल्कि यह भारत की युद्ध तैयारी और सैन्य शक्ति का स्पष्ट संदेश भी देगी। सूत्रों के मुताबिक, ऑपरेशन सिंदूर के बाद पहली बार देश की तीनों सेनाएं—थल सेना, नौसेना और वायुसेना—अपनी बैटल रेडीनेस को भव्य रूप से प्रदर्शित करेंगी।
ऑपरेशन सिंदूर के बाद बदली रणनीति
ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय सशस्त्र बलों ने जिस तरह तेज और सटीक कार्रवाई की, उसने भारत की रणनीतिक क्षमता को दुनिया के सामने रखा। गणतंत्र दिवस परेड 2026 में उसी अनुभव और आत्मविश्वास की झलक देखने को मिलेगी।
अत्याधुनिक हथियारों का प्रदर्शन
परेड में स्वदेशी मिसाइल सिस्टम, आर्टिलरी गन, ड्रोन टेक्नोलॉजी, एयर डिफेंस सिस्टम और आधुनिक बख्तरबंद वाहन शामिल किए जाने की संभावना है। ‘मेक इन इंडिया’ के तहत विकसित हथियार भारत की आत्मनिर्भर रक्षा नीति को दर्शाएंगे।
तीनों सेनाओं की संयुक्त ताकत
इस बार परेड में जॉइंट ऑपरेशंस और थिएटर कमांड की अवधारणा को भी खास तौर पर दिखाया जा सकता है। यह संदेश देगा कि भारत किसी भी स्थिति में त्वरित और प्रभावी सैन्य प्रतिक्रिया देने के लिए तैयार है।
दुनिया को साफ संदेश
डिफेंस एक्सपर्ट्स का मानना है कि Republic Day Parade 2026 भारत का यह संदेश होगी कि देश अपनी संप्रभुता की रक्षा के लिए पूरी तरह तैयार है और किसी भी चुनौती का जवाब देने में सक्षम है।
राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक
जहां एक ओर परेड में सांस्कृतिक झांकियां भारत की विविधता दिखाएंगी, वहीं दूसरी ओर सैन्य शक्ति का प्रदर्शन देशवासियों में गर्व और आत्मविश्वास को और मजबूत करेगा।







